
उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने तीन साल का कार्यकाल पूरा कर लिया है । इन तीन सालों में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने न सिर्फ ऐतिहासिक फैसले लिए बल्कि केंद्र की आंखों का भी तारा बन गए। केंद्र से लेकर राज्य में सीएम धामी ने अपनी ऐसी छाप छोड़ी की आज देशभर में पुष्कर सिंह धामी चर्चा है। पीएम मोदी के हाथ के साथ हाईकमान का साथ सीएम धामी के लिए फायदेमंद साबित हो रहा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड की देवतुलय जनता व केंद्रीय नेतृत्व का आभार प्रकट किया। तीन सालो में ऐतिहासिक निर्णय लिए गए . पीएम मोदी के मार्गदर्शन में सरकार ने बेहतर कार्य किए। सीएम धामी ने कहा कि राज्य गठन के बाद से दूसरी राज्य की जनता ने प्रचंड बहुमत के साथ भाजपा की सरकार को चुना है। सरकार ने पहले दिन से संकल्प लिया था जिसमें युवाओं को भर्ती प्रक्रियाओं को पारदर्शी दी गई . कानून बनने के बाद नकल विहीन परीक्षा हुई जिसमें 14800 युवाओं को नौकरी मिली । स्वरोजगार के दिशा में कार्य हुए, महिला उत्थान की दिशा में सरकार आगे बढ़ी। सीएम ने कहा कि दीपावली के अवसर पर सशक्त बहना योजना शुरू हुई। सरकार का उद्देश्य सरकार और शासन अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे .. उसके लिए प्रयासरत है। किसानो के लिए कार्य किए जिससे उनकी आय दुगुनी हो। पीएम मोदी ने जो केदारनाथ में कहा था उस दिशा में आगे बढ़ी है सरकार और कोशिश है कि उत्तराखंड श्रेष्ठ राज्य बने। बतादें कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 4 जुलाई 2021 को उत्तराखंड के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी. इन तीन सालों में CM धामी ने कई बड़े फैसले लिए हैं. जिनकी देश भर में चर्चा हुई. इनमें समान नागरिक संहिता, नक़ल विरोधी कानून, धर्मांतरण विरोधी कानून, दंगारोधी कानून और लैंड जिहाद जैसे बड़े फैसले लिए है। इस दौरान भाजपा का कहना है कि सीएम धामी ने जिस तरह से उत्तराखंड में नकल विरोधी कानून,धर्मांतरण कानून बनाने सहित कई महत्वपूर्ण फैसले लिए है । वो काफी सराहनीय है।

