
उत्तराखंड में ऑपरेशन कालनेमि के तहत एक बार फिर दून पुलिस की सख्त कार्यवाही सामने आई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों पर चलाए जा रहे इस विशेष अभियान में पुलिस ने धार्मिक वेश में ठगी करने वाले 10 फर्जी बाबाओं को गिरफ्तार किया है। इन फर्जी बाबाओं का मकसद था — धार्मिक आस्था की आड़ में भोले-भाले लोगों को भ्रमित कर उनसे पैसे और सामान ऐंठना। ये लोग साधु-संतों, फकीरों जैसे भेष में लोगों से उनकी निजी समस्याओं का समाधान करने का झांसा दे रहे थे। एसएसपी देहरादून के नेतृत्व में की गई इस बड़ी कार्रवाई में पकड़े गए 10 में से 7 फर्जी बाबा दूसरे राज्यों से हैं। ये सभी अलग-अलग थाना क्षेत्रों से पकड़े गए हैं।
गिरफ्तार फर्जी साधुओं में शामिल हैं –
उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, कर्नाटक और उत्तराखंड के निवासी।

दून पुलिस का कहना है कि देवभूमि में आस्था और विश्वास के नाम पर ठगी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और ऑपरेशन कालनेमि के तहत आगे भी ऐसी कार्रवाइयाँ जारी रहेंगी।

पुलिस ने जनता से भी अपील की है कि ऐसे ढोंगी बाबाओं से सतर्क रहें और किसी भी तरह की ठगी या भ्रम की स्थिति में तुरंत नजदीकी थाना या हेल्पलाइन पर सूचना दें।

