
उत्तराखंड में 2027 के विधानसभा चुनाव जैसे-जैसे करीब आ रहे हैं, पुराने मुद्दे एक बार फिर सियासी बहस के केंद्र में आने लगे हैं। हरीश रावत सरकार के दौर से जुड़ा डेनिस शराब का विवाद एक बार फिर बीजेपी के निशाने पर है। फर्क सिर्फ इतना है कि इस बार पुराने आरोपों के साथ AI वीडियो और सोशल मीडिया भी सियासी हथियार बन गए हैं।
उत्तराखंड की सियासत में शराब और राजनीति का रिश्ता नया नहीं है। हरीश रावत सरकार के दौर में आबकारी नीति और डेनिस ब्रांड को लेकर बीजेपी ने कई गंभीर सवाल उठाए थे। 2016 में बीजेपी ने तत्कालीन सरकार की आबकारी नीति पर जांच की मांग तक की थी, जबकि हरीश रावत ने बीजेपी के आरोपों को खारिज किया था। यानी करीब एक दशक पुराना ये मुद्दा अब 2027 के चुनावी माहौल में फिर लौट रहा है। अब भाजपा ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म फेसबुक पर वेलकम टू डेनिस वर्ल्ड नाम से एक एआई जनरेटेड वीडियो अपलोड किया है …जिसमे पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के साथ ही कांग्रेस के नेताओं को भी दिखाया गया है, जिसको लेकर अब भाजपा के विधायक ने चुटकी लेते हुए कहा कि चुनाव है और कांग्रेस के नेता हैं तो स्वाभाविक है कि सरकार में उनके समय जो घोटाले और कांड हुए, अगर लोगों के जहन से निकल गए हों तो उन्हें स्मरण कराना पड़ेगा।
कांग्रेस गलती से आ गई तो ऐसे कांड दोबारा होंगे, इसलिए चुनाव के दौर में पुरानी चीजों को हाईलाइट करना जरूरी है। डेनिस ब्रांड की चर्चा उस समय हरदा ब्रांड तक के नाम से होती थी….पूरे हिंदुस्तान को मालूम है कि हरीश रावत के नाम से एक शराब बनी और कांग्रेस ने उसका आर्थिक लाभ लेने की कोशिश की।
बीजेपी के इस हमले को अब सोशल मीडिया पर चल रहे AI वीडियो ने भी नया रंग दे दिया है यानी पुराना मुद्दा नया डिजिटल अंदाज और निशाने पर फिर हरीश रावत लेकिन कांग्रेस इसे मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश बता रही है। कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना का कहना है की पिछले 10 वर्षों से इनकी सरकार है इतने साल में अगर कोई गड़बड़ी या घोटाला हुआ है तो मुकदमा करो, कार्रवाई करो सिर्फ आरोप-प्रत्यारोप और प्रचार करने से कुछ नहीं होगा….आप चाहे कितने भी AI वीडियो बना लें, उससे सच्चाई नहीं बदलने वाली। सरकार में हिम्मत है तो मुकदमा दर्ज करे और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करे।
यानी 2027 से पहले उत्तराखंड की सियासत में पुराने मुद्दों की नई पैकेजिंग शुरू हो चुकी है। डेनिस का जिन्न एक बार फिर बाहर है और इस बार उसके साथ AI का नया दौर भी है।

